रक्षा मंत्री श्री राजनाथ सिंह की अध्यक्षता में 7 सितंबर, 2026 को हुई रक्षा अधिग्रहण परिषद (डीएसी) की बैठक में...
जन किरण
परंपरा से लेकर नवाचार तक, आयुर्वेद एक स्वस्थ भविष्य का निर्माण कर सकता है: केन्द्रीय मंत्री श्री प्रतापराव जाधवआयुर्वेद दिवस...
उपराष्ट्रपति ने गौहाटी विश्वविद्यालय में भूपेन हजारिका और असमिया शब्दकोश पर पुस्तकों का विमोचन कियाअसमिया-तमिल साहित्यिक अनुवाद भारत की सांस्कृतिक...
पंजाब के राज्यपाल और चंडीगढ़ के प्रशासक ने जैव विविधता संरक्षण के समकालीन दृष्टिकोणों के साथ पारंपरिक ज्ञान और सामुदायिक...
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह 8 से 10 सितंबर, 2026 तक श्रीलंका की आधिकारिक यात्रा पर रहेंगे। इस यात्रा के दौरान,...
भारतीय डाक सेवा के 1988 बैच के अधिकारी डॉ. विनय प्रकाश सिंह को एशियाई-प्रशांत डाक संघ (एपीपीयू) के महासचिव के...
समय पर क्रेडिट सहायता के ज़रिए बिज़नेस की मज़बूती बढ़ाना ईसीएलजीएस 5.0 बाहरी व्यवधानों से प्रभावित व्यवसायों को लक्षित क्रेडिट गारंटी सहायता...
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज कहा कि शिक्षक दिवस समाज में शिक्षकों के महत्वपूर्ण योगदान की सराहना करने का दिन...
राष्ट्रीय शिक्षक पुरस्कार के लिए 82 शिक्षकों और शिक्षाविदों का चयन किया गयाप्रधानमंत्री ने शिक्षकों से युवा छात्रों में नशीली...
देश के विकास में शैक्षणिक उत्कृष्टता, कौशल विकास और उद्यमिता का बहुत महत्व है: राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु भारत की राष्ट्रपति,...
भारत की राष्ट्रपति, द्रौपदी मुर्मु ने आज 5 सितंबर, 2026 को राष्ट्रपति भवन में भारत के पूर्व राष्ट्रपति, डॉ. सर्वपल्ली...
पृथ्वी के भीतर मौजूद अपार ताप ऊर्जा स्वच्छ ऊर्जा का एक शक्तिशाली स्रोत है, जिसे भूतापीय ऊर्जा कहा जाता है। भारत में उपलब्ध समृद्ध भू-तापीय संसाधनों को देखते हुए, यह ऊर्जा भविष्य में चौबीसों घंटे उपलब्ध बिजली के एक विश्वसनीय स्रोत के रूप में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है। इसी क्षमता को साकार करने के उद्देश्य से भूतापीय ऊर्जा पर राष्ट्रीय नीति तैयार की गई है, जिसका लक्ष्य भूतापीय ऊर्जा को भारत की नवीकरणीय ऊर्जा व्यवस्था का एक महत्वपूर्ण हिस्सा बनाना है। यह पहल 2070 तक नेट-जीरो उत्सर्जन के लक्ष्य की दिशा में भारत की ऊर्जा यात्रा को और गति देने की क्षमता रखती है। लद्दाख में हाल ही में पहले दो भूतापीय कुओं का संचालन शुरू होना इस दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है और भारत की भूतापीय ऊर्जा यात्रा की औपचारिक शुरुआत का संकेत है। सतत भारत के लिए भूतापीय ऊर्जा का दोहन पृथ्वी की सतह के नीचे, इसके अंदरूनी हिस्सों की तीव्र गर्मी से निकलने वाला, ऊर्जा का एक निरंतर, कम कार्बन वाला स्रोत है जिसे भूतापीय ऊर्जा कहा जाता है। उपयुक्त भूविज्ञान और विवर्तनिकी वाले स्थानों में, इस ऊर्जा का उपयोग बिजली उत्पन्न करने के लिए किया जा सकता है या सीधे जमीन पर उपयोग किया जा सकता है। सौर और पवन ऊर्जा के विपरीत, यह स्रोत नवीकरणीय ऊर्जा प्रदान करता है जो चौबीसों घंटे उपलब्ध है। इस क्षमता को पहचानते हुए, सरकार ने सितंबर 2025 में भूतापीय ऊर्जा पर राष्ट्रीय नीति को अधिसूचित किया। यह नीति भारत के भू-तापीय संसाधनों की खोज और विकास के लिए एक स्पष्ट रोडमैप तैयार करती है। नवीन एवं नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय इसके कार्यान्वयन के लिए नोडल मंत्रालय है। इसी दिशा में आगे बढ़ते हुए, भारत ने जुलाई 2026 में एक ऐतिहासिक उपलब्धि हासिल की। ओएनजीसी ऊर्जा केंद्र ने पूगा घाटी, लद्दाख में देश के पहले दो भू-तापीय कुओं को चालू किया। समुद्र तल से 14,000 फीट से अधिक की ऊंचाई पर, पूगा घाटी भारत के सबसे संभावनाशील भू-तापीय स्थलों में से एक है, जो अपने गर्म जलस्रोतों और धरती के भीतर मौजूद विशाल तापीय भंडार...
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज जन्माष्टमी के पावन अवसर पर सभी को शुभकामनाएं दीं है। एक सुभाषित साझा करते हुए प्रधानमंत्री...
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज इसरो की एक और शानदार उपलब्धि की सराहना की और इसे देश के लिए गर्व...
राज्यपाल कविन्द्र गुप्ता से आज लोक भवन में पूर्व मुख्यमंत्री एवं नेता प्रतिपक्ष जयराम ठाकुर ने शिष्टाचार भेंट की।
बेल्जियम के रक्षा एवं विदेश व्यापार मंत्री श्री थियो फ्रैंकन ने भारत और बेल्जियम के बीच मिलकर रक्षा बलों को...
दोनों पक्ष रक्षा सहयोग वार्ता, उच्च स्तरीय यात्राओं, प्रशिक्षण और क्षमता निर्माण के माध्यम से संबंधों को विस्तार देने पर...
उपराष्ट्रपति और पंजाब विश्वविद्यालय के पदेन कुलाधिपति सीपी राधाकृष्णन 4 सितंबर, 2026 को चंडीगढ़ स्थित पंजाब विश्वविद्यालय का दौरा करेंगे।...
प्रदर्शनी में स्थान के लिए www.aeroindia.gov.in पर कल से ऑनलाइन पंजीकरण और बुकिंग आरंभ एशिया के सबसे बड़े एयर शो...
राज्यपाल कविन्द्र गुप्ता ने आज हमीरपुर जिले के समीरपुर में पूर्व मुख्यमंत्री प्रेम कुमार धूमल से उनके आवास पर भेंट...
सर्जन वाइस एडमिरल दिलीप राघवन, वीएसएम ने 1 सितंबर 2026 को महानिदेशक चिकित्सालय सेवा (सशस्त्र बल) का पदभार ग्रहण किया।...
योग सहित भारत की आध्यात्मिक परंपराओं में सेशेल्स की गहरी रुचि, जन-जन के बीच प्रगाढ़ संबंधों की गर्माहट को दर्शाती...
7.8 प्रतिशत वास्तविक जीडीपी वृद्धि के साथ 2026-27 की मजबूत शुरुआत 2026-27 के लिए भारत की अर्थव्यवस्था की शुरुआत मजबूती के...
राजनाथ सिंह ने रक्षा सार्वजनिक क्षेत्र उपक्रमों से समय पर वितरण, आत्मनिर्भरता, रक्षा निर्यात और वैश्विक मानकों के अनुरूप गुणवत्ता...
अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान ने आयुर्वेद दिवस से पहले ‘आयुर्वार्ता’ डिजिटल संवाद श्रृंखला की शुरुआत की अखिल भारतीय आयुर्वेद संस्थान...
प्रधानमंत्री द्वारा टीम इंडिया की भावना को मजबूत करने और सहकारी संघवाद को गहरा करने के लिए परिकल्पित शिखर सम्मेलनों...
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने आज वित्त वर्ष की पहली तिमाही में सकल घरेलू उत्पाद (जीडीपी) की 7.8 प्रतिशत वृद्धि दर...
1,338 पंच सम्मेलनों में 5.26 लाख से अधिक पंचायतराज पदाधिकारियों, जनप्रतिनिधियों एवं कार्मिकों की सहभागिता देशभर में विकसित भारत-गारंटी फॉर...
पर्यावरण और जलवायु परिवर्तन पर द्विपक्षीय सहयोग सुदृढ और बहु-हितधारक आदान-प्रदान सुगम बनेगा केंद्रीय पर्यावरण, वन और जलवायु परिवर्तन मंत्री...